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हिन्दी स्वयं मां सरस्वती का आशीर्वाद है..


हिन्दुस्तान में मेरा घर संसार  है 

हिन्दी से मुझे प्यार  है 

हिन्दी ही मेरा आधार  है.

हिन्दुस्तान में मेरा घर संसार  है 

हिन्दी ही मेरी पहचान है

हिन्दी में ही मैने पहला शब्द बोला 

हिन्दी में मैने अपने भावों को दिल खोल के बोला 

हिन्दी में मैने मुस्कराना सीखा ,हिन्दी में मैने गुनगुना सीखा 

हिन्दी की ऊँगली पकङकर मैने, अनगिनत रिश्तों को सींचा 

हिन्दी मेरी मातृ भाषा मां तुल्य पूजनीय है 

हिन्दी मेरी मातृ भाषा मेरी मां ही तो है 

हिन्दी में ही मुझे विभिन्न विषयों का ज्ञान मिला ..

अपनी मातृ भाषा को भूलकर अगर  हम सर्वप्रथम किसी 

ओर भाषा को स्थान  देते हैं.तो यह स्वयं की मां का अपमान 

ही होगा ...भाषायें सभी अच्छी हैं .लेकिन  हिन्दी तो अद्भुत,

 अकल्पनीय, अनमोल है ... हिन्दी विश्व की प्राचीनतम भाषा है 

हिन्दी में ही वेद ऋचाएं एवं विश्व के अनमोल ग्रन्थ  वर्णित हैं 

जिनके अनुवाद  बाद में अन्य भाषाओं में हुआ ...

हिन्दी ज्ञान  का सागर है ... हिन्दी ही सर्वप्रथम, एवं सर्वश्रेष्ठ

 भाषा है ,हिन्दी देवताओं की दिव्य भाषा है .... 

हिन्दी स्वयं मां सरस्वती का आशीर्वाद है..



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