जीत की खुशी मिली हार से जब बहुत लङा जीतने के लिये मैं कई बाजीयां चलता रहा मुश्किलों की चुनौतियां परिक्षा समझ हल करता रहा पश्न पर प्रश्न कठिन उत्तर पुस्तिका पर भरता रहा हल छिपा था वहीं खोज-बीन चलती रही सामने खङा उत्तर मिला जब -जब हार के थकता रहा परिश्रम की चमक अब मेरे व्यक्तित्व में भरी,हार भी बहुत खुश हुई एक मनोबल मुझसे क्या खूब लङा ,जीतने का जश्न मना प्रश्न भी खुश हुये क्या खूब हमें उत्तर मिले